Sunday, August 11, 2013

बिहार सरकार के किसी भी मंत्री



सत्ता के मद्द मे चुर नीतीश सरकार के ग्रामीण मंत्री भीम सिहं ने दिया विवादित बयान बोला सेना और पुलिश मे लोग तो मरने ही जाते है अब कहा तक इनके पिछे पड़ा जाए ।

शहीद होने के लिए होते हैं सैनिक'....भीम सिंह जेडीयू नेता ( विहार की नीतीश सरकार में ग्रामीण विकास मंत्री ) का बयान ..!!!

बिहार सरकार के किसी भी मंत्री या जेडी(यू) के बड़े नेता के पटना एयरपोर्ट पर शहीदों के शवों को रिसीव करने न आने को लेकर पूछे गए सवाल पर ग्रामीण विकास मंत्री भीम सिंह भड़क गए। उन्होंने सैनिकों के बारे में विवादास्पद बयान देए हुए कह दिया कि कि जवान होते ही शहीद होने के लिए हैं।

जम्मू-कश्मीर के पुंछ में पाकिस्तानी सेना के हमले में बिहार के चार सैनिक शहीद हुए हैं। सैनिको के शवों को विशेष विमान से जब पटना लाया गया, तो नीतीश सरकार का कोई भी मंत्री एयरपोर्ट नहीं पहुंचा। एक टीवी चैनल के पत्रकार ने राज्य सरकार में ग्रामीण विकास मंत्री से जब इस बाबत जानना चाहा, तो वह बुरी तरह भड़क गए।

भीम सिंह कहना था, 'जवान तो शहीद होने के लिए ही होते हैं न... सेना और पुलिस में नौकरी क्यों होती है?.. आप थोड़े न शहीद होइएगा। शहादत के लिए ही वे जाते हैं। भावना के साथ कोई सेना और पुलिस में जाता है।'
पत्रकार ने जब पूछा कि इस भावना को इज्जत भी तो मिलनी चाहिए थी तो मंत्री का जवाब था, 'बिल्कुल मिल रही है। पूरा देश एक साथ है। पूरी पार्ल्यामेंट एक साथ है। राज्य सरकार साथ है।'

पत्रकार ने फिर सवाल दागा कि फिर भी कोई एयरपोर्ट नहीं पहुंचा, तो भीम सिंह का पारा चढ़ गया और वह पत्रकार पर भड़क गए। उन्होंने उल्टे पत्रकार से ही सवाल जवाब शुरू कर दिया। उन्होंने कहा 'आप भी तो बस ड्यूटी कर रहे थे। आपके बाबू जी गए थे वहां? आपके बाबूजी गए थे वहां? आपके पिता नागरिक हैं ना? क्या आपके पिता गए? आपकी माता गई? आपकी माता गई थी की नहीं ?' इसके बाद भीम सिंह वहां से चले गए

No comments:

Post a Comment

शंकराचार्य और सरसंघचालक एक_तुलनात्मक_अध्ययन

वरिष्ठ आईपीएस चाचाजी  श्री Suvrat Tripathi की कलम से। #शंकराचार्य_और_सरसंघचालक_एक_तुलनात्मक_अध्ययन सनातन धर्म की वर्णाश्रम व्यवस्था के ...